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NCERT Class 11 Economics Chapter 9 परिचय

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NCERT Class 11 Economics Chapter 9 परिचय

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Chapter: 9

अर्थशास्त्र में सांख्यिकी
अभ्यास

1. निम्नलिखित कथन सही हैं अथवा गलत? इन्हें तदनुसार चिह्नित करें:

(क) सांख्यिकी केवल मात्रात्मक आँकड़ों का अध्ययन करती है।

उत्तर: गलत। अर्थशास्त्र में मात्रात्मक आँकड़ों के साथ-साथ गुणात्मक आँकड़ों (जैसे- लिंग, स्वास्थ्य, कौशल आदि) का भी प्रयोग होता है।

(ख) सांख्यिकी आर्थिक समस्याओं का समाधान करती है।

उत्तर: सही। सांख्यिकीय विधियाँ आर्थिक समस्याओं का विश्लेषण करने तथा उन्हें हल करने के लिए उचित नीतियों के निर्माण में सहायक होती हैं।

(ग) आँकड़ों के बिना अर्थशास्त्र में सांख्यिकी का कोई उपयोग नहीं है।

उत्तर: सही। सांख्यिकी का सीधा संबंध आँकड़ों के एकत्रीकरण, प्रस्तुतीकरण तथा विश्लेषण से है, इसलिए आँकड़ों के बिना इसका कोई अस्तित्व या उपयोग नहीं है। 

2. बस स्टैंड या बाजार में होने वाले क्रियाकलापों की सूची बनाएँ। इनमें से कितने आर्थिक क्रियाकलाप हैं?

उत्तर: बस स्टैंड या बाजार में अनेक क्रियाकलाप होते हैं, जैसे- दुकानदार द्वारा सामान बेचना, कुली द्वारा सामान उठाना, टैक्सी चालक द्वारा सवारी ले जाना, फेरीवाले का सामान बेचना आदि। ये सभी आर्थिक क्रियाकलाप हैं, क्योंकि अर्थशास्त्र के अनुसार “आर्थिक क्रियाएँ वे होती हैं, जो धन प्राप्त करने के लिए की जाती हैं।

3. सरकार और नीति-निर्माता आर्थिक विकास के लिए उपयुक्त नीतियों के निर्माण के लिए सांख्यिकीय आँकड़ों का प्रयोग करते हैं। दो उदाहरणों सहित व्याख्या कीजिए।

उत्तर: सांख्यिकी के प्रयोग से ही नीतियां बनाई और जांची जाती हैं:

(i) जनसंख्या नियंत्रण: निरंतर बढ़ती जनसंख्या पर रोक लगाने के लिए ‘परिवार नियोजन’ की नीतियाँ कितनी प्रभावशाली हैं या नहीं, इसका पता सांख्यिकीय तकनीकों का प्रयोग करके ही सरलता से लगाया जा सकता है।

(ii) आयात संबंधी निर्णय: जैसे वर्ष 2010 में भारत को कितना तेल आयात करना चाहिए, यह निर्णय तभी लिया जा सकता है जब सांख्यिकी के माध्यम से तेल के अनुमानित घरेलू उत्पादन और संभावित मांग के आँकड़े ज्ञात हों। 

4. “आपकी आवश्यकताएँ असीमित हैं तथा उनकी पूर्ति करने के लिए आपके पास संसाधन सीमित हैं।” दो उदाहरणों द्वारा इस कथन की व्याख्या करें।

उत्तर: जेब खर्च का उदाहरण: आपके पास पॉकेट मनी (जेब खर्च) सीमित होती है, लेकिन आपकी इच्छाएँ (जैसे- कपड़े, जूते, सिनेमा) असीमित होती हैं। यदि जेब खर्च अधिक होता तो आप सब कुछ खरीद सकते थे, परन्तु सीमित धन होने के कारण आपको चुनाव करना पड़ता है।

उत्पादक का उदाहरण: खेती के काम में लगे किसान के पास कृषि संसाधन जैसे- खेत की भूमि, श्रम, पानी आदि सीमित होते हैं। इन्हीं सीमित संसाधनों का उपयोग उसे विभिन्न फसलों (खाद्य फसल या कपास, जूट आदि) के उत्पादन के लिए करना होता है, जो चुनाव की समस्या को जन्म देता है।

5. उन आवश्यकताओं का चुनाव आप कैसे करेंगे, जिनकी आप पूर्ति करना चाहेंगे?

उत्तर: चूँकि हमारे संसाधन (जैसे आय या जेब खर्च) सीमित होते हैं, इसलिए हम सभी इच्छाओं को पूरा नहीं कर सकते। अतः हम उन आवश्यकताओं को चुनते हैं जिन्हें हम सबसे ज्यादा आवश्यक मानते हैं। 

6. आप अर्थशास्त्र का अध्ययन क्यों करना चाहते हैं? कारण बताइए।

उत्तर: अर्थशास्त्र के अध्ययन का सबसे मुख्य कारण यह है कि “अभाव ही सभी आर्थिक समस्याओं की जड़ है।” यदि संसाधनों का अभाव न होता तो कोई आर्थिक समस्या ही नहीं होती और अर्थशास्त्र पढ़ने की आवश्यकता भी नहीं पड़ती। इसके अलावा, गरीबी, बेरोजगारी, आय की असमानताओं जैसी समस्याओं के कारणों को जानने तथा जीवन को अधिक बेहतर ढंग से नियोजित करने के लिए अर्थशास्त्र का अध्ययन किया जाता है।

7. सांख्यिकीय विधियाँ सामान्य बुद्धि का स्थानापन्न नहीं होतीं! अपने दैनिक जीवन से उदाहरणों द्वारा इस कथन की व्याख्या करें।

उत्तर: इस कथन का मुख्य अर्थ यह है कि सांख्यिकी और उसके गणितीय फॉर्मूले (जैसे औसत, प्रतिशत आदि) हमें केवल आँकड़ों का एक सारांश देते हैं, लेकिन उन आँकड़ों को व्यावहारिक जीवन में लागू करने के लिए मनुष्य की तार्किक क्षमता और ‘सामान्य बुद्धि’ का होना अत्यंत आवश्यक है। यदि हम बिना सोचे-समझे केवल आँकड़ों पर आंख मूंदकर भरोसा कर लेंगे, तो इसके परिणाम भ्रामक या खतरनाक भी हो सकते हैं।

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