NIOS Class 12 Environmental Science Chapter 28 समाज में ऊर्जा का महत्व Solutions Hindi Medium As Per New Syllabus to each chapter is provided in the list so that you can easily browse throughout different chapters NIOS Class 12 Environmental Science Chapter 28 समाज में ऊर्जा का महत्व Notes in Hindi and select need one. NIOS Class 12 Environmental Science Solutions Hindi Medium Download PDF. NIOS Study Material of Class 12 Environmental Science Notes Paper Code: 333.
NIOS Class 12 Environmental Science Chapter 28 समाज में ऊर्जा का महत्व
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समाज में ऊर्जा का महत्व
Chapter: 28
| माड्यूल- 8B ऊर्जा संरक्षण |
पाठगत प्रश्न 27. 1
1. ऊर्जा को आप किस प्रकार परिभाषित करेंगे?
उत्तर: ऊर्जा कार्य करने की क्षमता होती है।
2. एक ग्राम कैलोरी क्या है?
उत्तर: यह ताप की वह मात्रा होती है जिसकी आवश्यकता एक ग्राम पानी का तापमान 1 डिग्री बढ़ाने अर्थात् 14.5°C से 15.5°C के लिए होता है।
3. ऊर्जा की SI इकाई क्या है?
उत्तर: ऊर्जा का SI मात्रक जूल (J) है। यह वह कार्य होता है जो एक न्यूटन का बल एक बिंदु को एक मीटर तक विस्थापित करने में प्रयोग करता है।
4. ऊष्मा गतिकी के प्रथम और द्वितीय नियमों को बताइये।
उत्तर: को एक मीटर तक विस्थापित करने में प्रयोग करता है।
प्रथम नियम यह है कि ऊर्जा ना तो बनाई जा सकती है और ना ही नष्ट की जा सकती है। इसे केवल एक रूप से दूसरे में बदला जा सकता है।
द्वितीय नियम यह बताता है कि प्रत्येक रूपांतरण में कुछ मात्रा में ऊर्जा का क्षय ताप के रूप में होता है।
पाठगत प्रश्न 27.2
1. नवीकरणीय ऊर्जा स्त्रोत एवं अनवीकरणीय ऊर्जा स्त्रोत को परिभाषित कीजिए।
उत्तर: ऐसी ऊर्जा जो ऐसे स्त्रोतों से आती है जिसकी आपूर्ति अक्षय होती है और इन स्त्रोतों का नवीकरण या पुनरुत्पादन किया जा सकता है। वह ऊर्जा स्त्रोत जो सीमित मात्रा में उपलब्ध हैं एवं जिनका पुनरुत्पादन कम समय में करना संभव नहीं है।
2. सौर ऊर्जा के उपयोग के विभिन्न तरीके कौन से हैं?
उत्तर: सौर ऊर्जा का प्रयोग कई तरीकों से होता है जैसे घरों को गर्म करने में, पानी गर्म करने में, सौर कुकर से खाना पकाने में तथा विद्युत उत्पादन में।
3. नवीकरणीय एवं अनवीकरणीय ऊर्जा स्त्रोतों के विभिन्न स्त्रोतों को सूचीबद्ध कीजिए।
उत्तर: नवीकरणीय ऊर्जा स्त्रोत हैं-
(i) सौर।
(ii) पवन।
(iii) पन बिजली।
(iv) भूतापीय।
(v) महासागरीय-तापीय ऊर्जा।
(vi) बायोमास तथा हाइड्रोजन।
अनवीकरणीय ऊर्जा स्त्रोत हैं-
(i) कोयला।
(ii) गैस।
(iii) तेल एवं।
(iv) पेट्रोलियम।
4. हाइड्रोजन को साफ सुथरा ऊर्जा स्त्रोत क्यों कहा जाता है?
उत्तर: हाइड्रोजन को साफ सुथरा ऊर्जा स्त्रोत इसलिए कहा जाता है क्योंकि हाइड्रोजन बिना कोई प्रदूषण फैलाए शुद्ध ऊर्जा एवं शुद्ध जल प्रदान करता है।
5. प्रकृति में कोयले का निर्माण किस प्रकार होता है?
उत्तर: कई लाखों वर्ष पहले जो पेड़ दलदल में पैदा हुए थे उन्हीं से कोयला बना। ये पेड़ दबने के बाद दलदल में नीचे धंस गए। ये पूरी तरह सड़े नहीं क्योंकि वहाँ हवा नहीं पहुँची। इन पेड़ों के अवशेष पर रेत और कीचड़ की तह जमती गई एवं हजारों वर्ष बीतने पर ये वनस्पति पदार्थ धीरे धीरे ताप एवं दबाव के कारण कोयले में परिवर्तित हो गए।
पाठान्त प्रश्न
1. बायो ऊर्जा से आप क्या समझते हैं? बायोमास ऊर्जा को प्रयोग करने के विभिन्न तरीकों का वर्णन कीजिए।
उत्तर: बायो ऊर्जा या बायोमास ऊर्जा वह ऊर्जा है जो जैविक पदार्थों जैसे जलावन की लकड़ी, टहनियाँ, मृत वनस्पति, मवेशियों का गोबर और फसल के अवशेषों से प्राप्त होती है। यह एक नवीकरणीय ऊर्जा स्रोत है क्योंकि इसका कच्चा माल बार-बार उगाया या इकट्ठा किया जा सकता है।
बायोमास ऊर्जा का उपयोग करने के विभिन्न तरीके:
(i) प्रत्यक्ष दहन: लकड़ी या फसल अवशेषों को सीधे जलाकर खाना पकाने या गर्मी प्राप्त करने के लिए।
(ii) बायोगैस उत्पादन: पशुओं के गोबर और जैविक कचरे के ‘अवायवीय पाचन’ (Anaerobic digestion) द्वारा बायोगैस बनाना, जिसका उपयोग खाना पकाने और बिजली उत्पादन में होता है।
(iii) द्रव ईंधन: बायोमास (जैसे मक्का, गन्ना) से एथेनॉल और वनस्पति तेलों से बायोडीजल बनाना, जिनका उपयोग वाहनों में पेट्रोल/डीजल के विकल्प के रूप में होता है।
(iv) विद्युत उत्पादन: कृषि और औद्योगिक कचरे (जैसे चावल की भूसी) का उपयोग बिजली बनाने के लिए किया जा सकता है।

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