🪔 Diwali Maha Offer Class 10 & 12 Bundles @ ₹299 ₹599
Ends in:
03d
14h
35m
40s

Niketan Class 4 Hindi Chapter 13 हमारे धर्मगुरु – गुरु नानकदेव

Niketan Class 4 Hindi Chapter 13 हमारे धर्मगुरु – गुरु नानकदेव Question Answer, Sankardev Sishu Niketan Chapter 13 हमारे धर्मगुरु – गुरु नानकदेव Class 4 Hindi Solutions to each chapter is provided in the list of SEBA so that you can easily browse through different chapters and select needs one. Assam Board শংকৰদেৱ শিশু নিকেতন Class 4 হিন্দী Notes can be of great value to excel in the examination.

हमारे धर्मगुरु – गुरु नानकदेव

Chapter – 13

SANKARDEV SISHU VIDYA NIKETAN

प्रश्न उत्तर


मूलभाव :- गुरु नानक का जन्म ननकाना साहिब में हुआ। वे सिक्खों के प्रथम गुरु थे। वे अपने घर छोड़ दिये और सन्त वन गये। देश-विदेश में सिक्ख धर्म को फैलाया। वे कहते थे ईश्वर एक है। उनका कहना था जो जैसा काम करेगा वैसा फल पायेग l

মূলভাৱ :- গুৰু নানকৰ জন্ম ননকানা সাহিবত হৈছিল। তেখেত শিখৰ প্ৰথম গুৰু আছিল। তেওঁ নিজৰ ঘৰৰ পৰা ওলাই গৈ সন্ত হ’ল। দেশ-বিদেশত শিখ ধৰ্ম প্ৰচাৰ কৰিলে। তেওঁ কৈছিল ঈশ্বৰ এটাই। যিয়ে ভাল কাম কৰিব ভাল ফল পাব, যিয়ে বেয়া কাম কৰিব বেয়া ফল পাব।

श्रीशंकरदेव

मूलभाव :- श्रीशंकरदेव का जन्म सन् १४४९ में असम के नगाँव जिले में हुआ। उन्होंने असम में वैष्णव धर्म का प्रचार किया था। वे सत्य और अहिंसा के उपासक थे। वे हिन्दू-मुस्लिम को एक ही ईश्वर की सन्तान मानते थे। वे अच्छे कवि भी थे। उनकी कविता को लोग प्यार से गाते हैं और पुण्यतिथिपर सभी अनुयायी पूजा करते हैं।

মূলভাৱ :- শ্রীশ্রীশঙ্কৰদেৱৰ জন্ম হৈছিল ১৪৪৯ চনত অসমৰ নগাওঁ জিলাত। তেওঁ অসমত বৈষ্ণৱ ধৰ্মৰ প্ৰচাৰ কৰিছিল। তেওঁ সত্য আৰু অহিংসাৰ উপাসক আছিল। তেওঁ হিন্দু আৰু মুছলমানক এটায়ে ঈশ্বৰৰ সন্তান বুলি মানিছিল। তেওঁ এগৰাকী ভাল কবিও আছিল। তেওঁৰ কবিতাক মানুহে ভক্তি ভাবেৰে গায় আৰু তেওঁৰ পূণ্যতিথিত অনুগামী সকলে পূজা কৰে।

शब्दार्थ 

अवस्था :– স্থিতি, निपुण :— সমৰ্থ, उपासक :– পূজনীয় 

प्रेचार :– প্ৰচাৰ, विश्व :– পৃথিৱী, अनुगामी :– শিস্য

अभ्यास

1. प्रश्नों के उत्तर दो :

(क) गुरु नानकदेव जी का जन्म कहाँ हुआ ?

उत्तर: गुरु नानकदेव जी का जन्म ननकाना साहिब में हुआ। 

(ख) श्रीशंकरदेव जी का जन्म कहाँ हुआ ?

उत्तरः श्रीशंकरदेव जीका जन्म सम के नगाँव जिले में हुआ।

(ग) गुरु नानकदेव जी ने किस धर्म का प्रचार किया ?

उत्तर: गुरु नानकदेवजी ने सिक्ख धर्म का प्रचार किया।

(घ) श्रीशंकरदेव जीने किस धर्म का प्रचार किया ? 

उत्तरः श्रीशंकरदेवजी ने वैष्णव धर्म का प्रचार किया।

2. खाली स्थान भरो :

(क) गुरु नानकदेव –––– ने घूम-घुमकर ––– दिया।

उत्तर: गुरु नानकदेव देश भर में घुम-घुमकर उपदेश दिया। 

(ख) जो –––– करेगा वैसा –––– पायेगा।

उत्तरः जो जैसा काम करेगा वैसा फल पायेगा।

(ग) गुरु नानकदेवजी ने –––– लिखा।

उत्तर: गुरुनानकदेव जी ने गुरु ग्रन्थ साहब लिखा।

(घ) श्रीशंकरदेव ने –––– धर्म का प्रचार किया।

उत्तर: श्रीशंकरदेव ने वैष्णव धर्म का प्रचार किया।

(ङ) श्रीसंकरदेव –––– और –––– के उपासक थे। 

उत्तरः श्रीशंकरदेव सत्य और अहिंसा के उपासक थे।

3. सहीपर ✓और गलत पर X निशान लगाओ―

(क) श्रीसंकरदेव सबको ईश्वर की सन्तान मानते थे।✓

(ख) श्रीशंकरदेव ने सिक्ख धर्म का प्रचार किया। X

(ग) गुरु नानकदेव कहते थे, सबका ईश्वर एक है। ✓

4. पढ़ो, समझो और लिखो―

(क) बहुत :– कम 

(ख) लम्बा :– नाटा 

(ग) भला :– बुरा 

5. पढ़ो और याद रखो –

(क) पखवाड़ा :– १५ दिन का समय।

(ख) सप्ताह :– ७ दिन का समय।

(ग) माह :– ३० दिन का समय।

(घ) वर्ष :– १२ माह का समय।

NEW VIDEO CLASS

Subject Ka Complete Video Solution Dekhein

Step-by-step easy concept explanation aur full questions Answer ke liye watch karein ya app download karein:

Leave a Reply

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

Scroll to Top